
फुलपरास (मधुबनी): “शहीद परमेश्वर जी वीरता, त्याग और साहस की अद्वितीय प्रतिमूर्ति थे। उनका जीवन केवल इतिहास का एक अध्याय नहीं, बल्कि संघर्ष और बलिदान की एक जीवंत गाथा है।” यह विचार बिहार सरकार के पूर्व मंत्री लक्ष्मेश्वर राय ने शहीद परमेश्वर जी की 70वीं जयंती के अवसर पर व्यक्त किए।शनिवार को मधुबनी जिले के फुलपरास स्थित ‘शहीद परमेश्वर चौक’ पर शहीद परमेश्वर स्मारक समिति के तत्वावधान में एक भव्य जयंती समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में क्षेत्र के विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और प्रबुद्धजीवियों ने हिस्सा लेकर शहीद को नमन किया।
कार्यक्रम की मुख्य बातें:
- पुष्पांजलि अर्पित: समारोह की शुरुआत शहीद परमेश्वर जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि के साथ हुई।
- प्रेरणास्रोत जीवन: वक्ताओं ने उनके संघर्षमय जीवन और राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण पर विस्तार से प्रकाश डाला।
- युवाओं को संदेश: पूर्व मंत्री लक्ष्मेश्वर राय ने कहा कि सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी जब आज की युवा पीढ़ी उनके विचारों को अपनाकर सामाजिक न्याय और राष्ट्रहित के मार्ग पर चले।
”एक महान व्यक्तित्व” पुस्तक का जिक्र
समारोह के दौरान हरियाणा के पूर्व राज्यपाल श्रद्धेय धनिक लाल मंडल द्वारा शहीद परमेश्वर के जीवन पर आधारित लिखित पुस्तक ‘एक महान व्यक्तित्व‘ की चर्चा की गई। यह पुस्तक उनके व्यक्तित्व और कृतित्व को गहराई से समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
सामाजिक न्याय का संकल्प
बुद्धिजीवियों और उपस्थित अतिथियों ने शहीद के सपनों का भारत बनाने और समाज में समानता, न्याय एवं भाईचारे को मजबूत करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में दो मिनट का मौन रखकर शांति की प्रार्थना की गई।

उपस्थित गणमान्य व्यक्ति:
समारोह में मुख्य रूप से निम्नलिखित हस्तियां मौजूद रहीं:
- लक्ष्मेश्वर राय (पूर्व मंत्री, बिहार सरकार)
- रामसुंदर यादव (वरिष्ठ भाजपा नेता)
- अनिल मंडल (मुख्य पार्षद, नगर पंचायत घोघरडीहा)
- राम पुकार यादव (प्रखंड प्रमुख)
- सुशील कामत (पंसस)
- रूपेश कुमार, रोहित नारायण यादव, देवकृष्ण यादव एवं अन्य।