मधुबनी, बिहार: आज के दौर में जहाँ लोग अक्सर सामान चोरी होने के बाद उम्मीद छोड़ देते हैं, वहीं मधुबनी के कुछ युवाओं ने अपनी सूझबूझ और एकता से एक मिसाल पेश की है। 12 दिनों की कड़ी मशक्कत के बाद, पीड़ित और उसके दोस्तों ने न केवल चोरी हुई बाइक का सुराग लगाया, बल्कि चोर को रंगे हाथों पकड़कर सलाखों के पीछे पहुँचाया।

क्या है पूरा मामला?
घटना की शुरुआत 17 दिसंबर 2025 को हुई थी। बाबुबरही थाना क्षेत्र के बेरल निवासी पप्पू कुमार सिंह अपने निजी काम से मधुबनी मुख्य डाकघर (Head Post Office) आए थे। उन्होंने अपनी सफेद रंग की अपाचे बाइक (नंबर: BR 32 AF 8473) बैंक के बाहर खड़ी की थी। दोपहर करीब 12:45 बजे जब वे वापस लौटे, तो उनकी बाइक वहां से गायब थी।

CCTV फुटेज बना सबसे बड़ा हथियार
बाइक चोरी होने के बाद पप्पू कुमार सिंह ने तुरंत नगर थाना, मधुबनी में इसकी लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कांड संख्या 598/25 दर्ज की और एसआई (SI) राजकिशोर राम को जांच सौंपी।
इस बीच, पीड़ित ने हार नहीं मानी और घटनास्थल के आसपास के CCTV फुटेज खंगाले। फुटेज में चोर का चेहरा और चोरी करने का तरीका साफ नजर आ रहा था। पप्पू ने यह फुटेज अपने दोस्तों के साथ साझा की और खुद भी चोर की तलाश में जुट गए।

बीच सड़क पर फिल्मी अंदाज में पकड़ा गया चोर
ठीक 12 दिन बाद, यानी 29 दिसंबर 2025 को पप्पू और उनके करीब 8 दोस्तों की मेहनत रंग लाई। मधुबनी के V-Mart और पोस्ट ऑफिस के बीच उन्होंने उसी युवक को देखा जो CCTV फुटेज में नजर आया था। दोस्तों ने बिना देर किए उसे चारों तरफ से घेर लिया और पकड़ लिया।
घटना की सूचना तुरंत नगर थाना पुलिस को दी गई। थाना प्रभारी मनोज कुमार सिंह की उपस्थिति में चोर को पुलिस के सुपुर्द किया गया।
कड़ी सजा की मांग
पप्पू कुमार सिंह ने पुलिस को एक ताजा आवेदन देकर मांग की है कि पकड़े गए आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए और उनकी बाइक जल्द से जल्द बरामद कराई जाए। इस साहसी कार्य में पप्पू के साथ चंदन कुमार, रंजीत सिंह, राधे कुमार और अन्य दोस्तों ने अहम भूमिका निभाई।