
पटना: बिहार की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत होने जा रही है। नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद बनी नई सरकार में, बिहार को अंधेरे से उजाले की ओर ले जाने वाले बिजेंद्र प्रसाद यादव को उनके समर्पण का बड़ा इनाम मिलने जा रहा है। आज सुबह 10:50 बजे, वे सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली कैबिनेट में उपमुख्यमंत्री (Deputy CM) पद की शपथ लेंगे।
बिहार के ऊर्जा पुरुष का नया सफर
बिजेंद्र प्रसाद यादव को बिहार में बिजली सुधारों का जनक माना जाता है। एक दौर था जब बिहार में बिजली के दर्शन दुर्लभ थे, लेकिन बिजेंद्र यादव के ऊर्जा मंत्री रहते बिहार ने लालटेन युग को पीछे छोड़कर LED युग में कदम रखा। गांव-गांव तक बिजली पहुँचाने और जर्जर तारों को बदलने की उनकी मुहिम ने उन्हें राज्य का सबसे भरोसेमंद चेहरा बना दिया है।
36 वर्षों का अटूट विश्वास
- लगातार प्रतिनिधित्व: बिजेंद्र यादव 1990 से लगातार सुपौल विधानसभा क्षेत्र से चुनाव जीतते आ रहे हैं।
- अनुभव का खजाना: करीब 36 वर्षों से सत्ता के शीर्ष पर रहने वाले यादव ने ऊर्जा, वित्त, और वाणिज्य कर जैसे भारी-भरकम विभागों को बखूबी संभाला है।
- साफ-सुथरी छवि: अपनी कर्मठता और ईमानदार छवि के कारण वे हर गुट और गठबंधन में स्वीकार्य रहे हैं।
आज होगा शपथ ग्रहण
सुपौल की जनता और बिहार के प्रशासनिक हल्कों में इस खबर से भारी उत्साह है। सम्राट चौधरी के साथ उपमुख्यमंत्री के रूप में उनकी ताजपोशी यह संकेत देती है कि नई सरकार उनके प्रशासनिक अनुभव का लाभ उठाकर बिहार के विकास की गति को और तेज करना चाहती है।
बिहार के हर घर को रोशन करने वाले दिग्गज नेता अब सरकार के सारथी की भूमिका में नजर आएंगे।